एक नवविवाहिता की सेक्स समस्या

लेकिन वे एकदम तसल्ली में थे और सब कुछ बहुत ही इत्मीनान से कर रहे थे.

इसके बाद उन्होंने मेरी योनि के हर एक हिस्से को खोलकर और सहला कर अपनी उंगलियों से दबाकर मुआयना जैसा किया.

उनकी इन हरकतों से मेरी जान निकल रही थी और कुछ ही देर में मैं संभोग की चरम अवस्था पर जा पहुंची. मेरा बहुत मन था कि अब वह अपना लंड मेरी योनि में डाल दें. लेकिन उन्होंने यह नहीं किया और मैं कामुकता की चरम सीमा तक पहुंच गई थी और निढाल पड़ गई.

उस दिन उन्होंने कोई सेक्स नहीं किया. मैं परेशान सी हो गई. उसके बाद भी वह इस तरह की अजीबोगरीब हरकतें मेरे जिस्म के साथ करते रहते हैं.

उन्होंने एक दिन मुझे समूचा नग्न करके बहुत छोटे बच्चों वाली टॉयज कार और दूसरे खिलौने मेरे नग्न जिस्म पर चलाएं. और जैसे बच्चा खुश होता है ऐसे खुश होते रहे. छोटी छोटी कार मेरे उभारों पर, मेरी नाभि, मेरे पेट, मेरी जाँघों और मेरी योनि पर घुमाते रहे.

कभी-कभी वे, जैसे कार वॉश करते हैं, ऐसे फव्वारे से मेरे जिस्म को रगड़ते हुए मुझे नहलाते हैं.

खुद के जन्मदिन पर वे मुझे डाइनिंग टेबल पर पूरी तरह नंगी लेटा कर और मेरे पेट पर केक रखकर केक काटते हैं.

उनके साथ जब भी ड्रिंक करो … मुझे पूरी तरह से नंगी ही रहना पड़ता है.

मेरे पति और कुछ गंदी हरकतें भी करते हैं. जैसे कि मैं लैट्रिन करती हूं तब वह खुद अपने हाथ से मेरे मलद्वार को रगड़ कर पानी मारते हुए खुद साफ करते हैं.
मैं शर्म के मारे गड़ जाती हूं लेकिन उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता.

नहाते समय कभी कभी वे मेरे वक्ष या योनि पर पेशाब भी करते हैं. और मुझे साफ पता लगता है कि उन्हें इन सब चीजों में असीमानंद मिल रहा है.

कभी कभी वे मेरे समूचे नंगे जिस्म को मुलायम रस्सी से उत्तेजक अवस्था में बांध देते हैं. और बांध के काफी देर तक बिस्तर पर पटके रखते हैं. इस दौरान वही मुझे खिलाते पिलाते हैं. यहां तक कि पेशाब कराने भी उठाकर ले जाते हैं.

अरुण जी, यह मान लो कि मैं उसके लिए एक खिलौना बन गई हूं.

और अब आप सोचोगे कि मैं यह सब क्यों कह रही हूं. तो उसका जवाब यह है कि इन सब हरकतों के अलावा वे एक बहुत अच्छा पति हैं. वे मुझ पर दिल खोलकर खर्च करते हैं और मेरे घर वालों के प्रति उसका रवैया बहुत अच्छा है.
बस बेडरूम में मेरे साथ वे अजीबोगरीब खेल शुरू कर देते हैं.

दिल्ली वाले फ्लैट में उसने बेडरूम में एक पोल भी लगवा रखा है जहां मुझे अक्सर उसके लिए पूर्णतया निर्वस्त्र पोल डांस करना पड़ता है.
वे संभोग से ज्यादा मेरे जिस्म से खेल कर बहुत आनंदित होते हैं.

फिर उनका राज बहुत जल्दी मेरे सामने खुल गया जब एक दिन मैं बिफर गई- मेरे साथ सेक्स किया करो. मेरे भी कुछ अरमान हैं.

और जब उन्होंने सेक्स किया तब पता चला कि उनका लिंग अपेक्षाकृत छोटा और पतला है.
मुझे बहुत मायूसी हुई और वे भी बहुत शर्मिंदा हुए और मुझसे दूर दूर रहने लगे.
अभी तक वे मेरे साथ जो भी करते आये थे, वह भी बंद कर दिया.

मुझे बहुत ग्लानि महसूस हुई और फिर मैं उन्हें पूरा सहयोग देने लगी क्योंकि उनका व्यवहार और मेरे प्रति आसक्ति बहुत ज्यादा है. वे मुझे बहुत हाथों हाथ रखते हैं इसलिए मैं उसे छोड़ने का सोच भी नहीं सकती थी.

और फिर वे दूसरे तरीकों से मुझे संतुष्ट करते हैं. बैंकॉक विजिट से वहां मेरे लिए कृत्रिम लिंग और वाइब्रेटर का काफी बड़ा कलेक्शन भी लेकर आये हैं.
और यही सब हम इस्तेमाल करते हैं.

लेकिन अरुण जी, मैं आपसे यह सलाह चाहती हूं कि अब मेरा बहुत मन है कि मैं किसी असली सॉलिड लंड से सेक्स का आनंद लूं. यह बात हमारी मस्ती के समय मैंने अपने पति के सामने भी जाहिर की है.

और अरुण जी … आपको यकीन नहीं होगा कि वे इसके लिए राजी भी हो गये.
अब उन्होंने मुझे दो विकल्प दिए हैं. एक तो यह कि मैं खुद अपने किसी जानकार हो इसके लिए तैयार करूं.
या फिर वे कह रहे हैं कि वे मुझे मलेशिया के एक ऐसे शहर में ले जाएंगे जहां मुझे पेशेवर अफ्रीकन और अंग्रेज मर्द के साथ सेक्स का आनंद दिलवा देंगे.

अब मैं कशमकश में हूं कि मेरे लिए क्या सही रहेगा.

क्योंकि जब से उन्होंने मुझे यह ऑफर दिया है, मेरे समुचित जिस्म में और खासतौर से चूत में बहुत ज्यादा उथल-पुथल मच रही है.

मेरे एक कॉलेज के समय का दोस्त है. मैं उसे बुला सकती हूं. लेकिन डरती हूं. समाज में यही रहना है और मैं अपने पति को छोड़ना भी नहीं चाहती.

और दूसरा विकल्प है कि अनजान शहर में अनजान लोगों से सेक्स करो और किसी को पता नहीं चलेगा.

लेकिन फिर मेरे मन में लालच आता है कि ऐसे कितनी बार हम इस काम के लिए विदेश जाएंगे. ज्यादा अच्छा यही रहेगा कि यही शहर में ही किसी अच्छे लिंग का इंतजाम हो जाए.

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