पापा के दोस्त ने लंड पर केक लगा कर मुझे चोदा

हमने एक दुसरे को केक खिलाई. और फिर मैंने रघु अंकल को गले से लगा के फिर से उन्हें विश किया. मेरे बूब्स उसकी कडक छाती से चिपके हुए थे. और उन्होंने मेरी कमर के ऊपर हाथ रख दिया. उनका लंड खड़ा हो गया था जिसका अहसास मुझे मेरी चूत के ऊपर होने लगा था. मैं उलझन में थी की अंकल के साथ सेक्स की स्टार्टिंग करूँ भी तो कैसे! हम दोनों उत्तेजित तो थे और मेरी चूत ने तो पानी भी छोड़ दिया था. तभी मैंने देखा की केक का एक छोटा पिस अंकल के होंठो के ऊपर लगा हुआ था. मैंने कहा, अंकल आप के चहरे पर केक लगी हे लाओ मैं साफ़ कर दूँ. फिर मैंने उन्हें बेड में बिठाया और मैं खुद उनकी गोद में बैठ गई.मैं उन्के करीब गई और मेरी साँसे जोर जोर से दौड रही थी. अंकल के चहरे के ऊपर लगी हुई केक को मैंने चाट लिया और उनको देखा. मैंने उनकी आँखों में हवस को देख ली थी. और उन्होंने मेरी आँखे पढ़ ली थी. उन्होंने कुछ कहे बिना ही अपने होंठो को मेरे होंठो से लगा दिया और किस कर ली मुझे! और वो किस एकदम मीठी थी जो काफी देर तक चली!हम दोनों ही एकदम हॉट हो चुके थे और एक दुसरे को चूसने लगे थे. हमारी जुबाने एक दुसरे के मुह में थी और कभी कभी साथ में मिल जाती थी. काफी दिनों से बदन के अंदर सेक्स का जो लावा भरा हुआ था अब वो फूटने के लिए रेडी लग रहा था.

हम दोनों की सलाइवा मिकस हुई और अंकल ने मुझे बेड पर डाला और खुद भी आ गए. मैंने अंकल को अब गले के ऊपर और कंधे के ऊपर किस दे दी. उन्होंने मेरे बूब्स के ऊपर हाथ डाला और उसे दबाने लगे. मैंने उनकी नाईट पेंट को निकाल दी और नंगा कर दिया.और मैंने उसे देखा, एकदम मोंस्टर सा था. जिसके लिए मैं ये सब कर रही थी. मैंने अंकल के लंड को लोलीपोप के जैसे चुसना चालू कर इया. मैंने उसे ऊपर से निचे तक अपनी जबान से ऐसे चाटा की अंकल आह कर गए. मैंने लंड के सुपाडे के ऊपर जबान को घुमा के उन्के तोते उड़ा रही थी.उन्होंने मेरे बाल पकड लिए और मेरे मुहं में लंड को पूरा अन्दर कर दिया. इतने बड़े लंड को पूरा मुहं में लेना मेरे लिए बहुत ही मुश्किल था. लेकिन मैंने मेनेज कर लिया ताकि अंकल को पूरा मजा मिले. मैंने लंड के ऊपर और बॉल्स के ऊपर थूंक थूंक के खूब चूसा और चाटा.अंकल ने अब मेरे टॉप को उतार फेंका और मेरे निपल का मसाज करने लगे अपने लंड से ही. और फिर से उन्होंने लंड को मेरे मुहं में डाल दिया. उनका वीर्य मेरे मुहं में ही छुट गया. उनके लोडे से बहुत सब स्पेर्म्स निकल के मेरे मुहं में आये थे. मैंने उन्के पानी को अपने बूब्स के ऊपर भी घिसा और सवाद ले के खा भी गई उसे.

मैंने अपने बूब्स के ऊपर अंकल के वीर्य का मसाज किया और उन्हें उकसाया. मैंने फिर अपने बूब्स को दबाये और उन्हें खूब हिलाए. मैंने वीर्य को बबव के ऊपर एकदम घिस लिया किसी क्रीम के जैसे. और फिर निपल के ऊपर लगे हुए वीर्य को मैं जबान से चाते लगी. मेरे इस सेक्सी शो की वजह से अंकल का लोडा फिर से टाईट हो गया.उन्होंने मुझे अपनी तरफ खिंच लिया और मुझे जोर से किस देने लगे. फिर वो मेरे उपर आ गए और मेरे सेक्सी बूब्स को चूसने लगे. उन्होंने एक छोटे बच्चे के जैसे ही मेरे निपल्स को चुसे. और दुसरे हाथ से वो मेरे बूब्स को खूब जोर जोर से दबा भी रहे थे. वो बूब्स दबाते थे तो बहुत दर्द होता था लेकिन जो मजा था वो दर्द से कई ज्यादा था. इसलिए मैं उन्हें रोक नहीं सकी.मैं एकदम जोर जोर से सिसकिया रही थी. अंकल को मेरी मोअनिंग की आवाजे बड़ी अच्छी लग रही थी. उन्होंने केक के ऊपर की आइसींग सुगर को मेरे निपल्स के ऊपर लगाईं और अपने मुहं से उसे चाटने लगे. एक बार ख़तम हुई तो और आइसिंग उन्होंने मेरे बूब्स के उपर लगाईं और सब की सब चाट गए. फिर उन्होंने मेरी नाभि यानी की बेली बटन में भी आइसिंग डाली और उसे जबान से खाने लगे. सच में मेरी हालत बहुत खराब थी इस हॉट उत्तेजना की वजह से! और फिर अंकल ने मेरी शोर्टस को खोला और वहां पर भी आइसिंग सुगर लगा के उसे चाटने लगे. आइसिंग सुगर खत्म हो गई लेकिन उन्होंने चूत को चाटना बंद नहीं किया. मैं तो जैसे जन्नत की शेर कर रही थी.

अंकल ने मेरी क्लाइटोरिस को अपनी ऊँगली से पकड़ी और बहार की फांको को चाटते रहे. फिर उन्होंने कहा, साली तू जब इस घर में आई तभी मैं जान गया था की तू रंडी हे और मेरा लंड ले लेगी. तेरे बड़े बूब्स और चूतड़ ने मेरी परेशानी को बढ़ा दिया था. आज नहीं छोडूंगा तुझे.मैंने कहा, अंकल आप से चुदना तो मैं चाहती ही थी आज आप का लंड देखा तो भी हो गया हे आप से. छोड़ना मत मुझे प्लीज़. फिर अंकल मुझे रंडी, छिनाल, जैसी गालियाँ देने लगे जिसे सुन के मुझे अच्छा लग रहा था.फिर वो बोले आज तो मैं तेरी चूत खा ही जाऊँगा. हम दोनों 69 पोज में आ गए और उन्होने कहा, मेरे लंड को पूरा मुहं में ले साली रंडी.मैंने अंकल के लोडे को मुहं में ले के उन्हें एक मस्त ब्लोवजोब दिया. और वो भी मेरी चूत को बड़ी सेक्सी ढंग से चूस गए. फिर अंकल ने मिशनरी पोज़ में लिटा के मुझे मस्त चोदा. उनका लंड कितना बड़ा था और सच में वो मेरी चूत को जैसे फाड़ ही रहा था. पेन तो हुआ पहले पहले लेकिन वो बड़ी जल्दी प्लीजर में बदल भी गया. कुछ देर ऐसे ही कस के चोदने के बाद अब अंकल ने मुझे घोड़ी बना दिया.

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