प्रोफेसर और उसकी माँ को एक साथ चोदा हॉस्पिटल में

मैंने कहा मैडम मैं मम्मी को डॉक्टर नहीं बल्कि अपना मान कर अपना काम कर रहा था.

शिल्पा मैडम ने कहा अगर तुम्हें मुझे ठीक करना है तो कैसे करोगे?

मैडम ने अब मुझे कुर्ता पजामा दिया और खुद भी अपने लेकर वॉशरूम चली गई.

मैं अभी अपने चेंज ही कर रहा था की मम्मी ने टी शर्ट डाल कर आ गई और मुझे बिना कपड़ों के नंगा ही देख लिया और मुस्कुराने लगी.

अब मेम बाहर आई और अपने कपड़े बाहर रखकर फिर से वाशरूम में चली गई और तब मुझे लगा कि वह टॉयलेट सीट पर है.

शिल्पा मैडम ने मुझे आवाज़ लगाई और मैं भी यह सोच कर कि अब तो मेरे लंड उसकी चूत में घुस जाएगा इसलिए फटाफट अंदर चला गया है और मेम को नंगा देख कर पागल होने लगा.

शिल्पा मैडम ने कहा आओ प्रिंस मेरे पास आओ और मेरे बीच में फिर या को साबुन लगाकर अच्छे से साफ कर दो

शिल्पा मैडम ने कहा क्या हुआ कोई प्रॉब्लम तो नहीं?

मैंने कहा नहीं मैडम बस घबराहट है और डर भी है कि कहीं मम्मी ना उठ जाए.

मैंने कहा मैडम एक बात कहूं?

तो मैडम ने कहा हां कहो.

मैं – मैं तो कब से चाहता था कि आप की चूत मिले पर कभी यह नहीं सोचा था कि मुझे ऐसा मौका मिलेगा.

शिल्पा मैडम ने कहा हां वह तो है क्योंकि मुझे भी अपनी चूत तुम्हारे लंड से चुद्वानी हे और आज मौका मिला है तो तुम मेरी चूत अच्छे से चोद डालो.

मैंने मैडम को बाथरूम में गोदी में उठाया और बाहर सोफे पर लेटा दिया. उनकी टांगे खोलकर अपना मुह उन की चूत में रखकर जीभ से लंबा लंबा चाटने लगा और गुलाबी चूत को चूसने लगा.

मुझे सोफे पर उन की चूत अच्छे से नहीं चुसी जाती थी इसलिए मैंने उन्हें बेड पर लेटाया और उनके ऊपर आकर 69 की पोजीशन में लेट गया और उनकी चूत की जांघों को अपनी जीभ से चाटने लगा और फिर अपनी जीभ उनकी चूत में डाल कर उनकी चूत का मीठा स्वाद चखने लगा, मैडम के मुंह से आह्ह औउ उःह अय्य्य औऊ हहह ईई निकल पड़ी जिस से पूरा कमरा सेक्स के माहौल में रंगीन हो उठा..

मैडम भी अब मदहोश होती गई और मेरे लंड को दांतो से हल्का हल्का काट कर बोलने लगी प्लीज फक मी माय शोनू.

अब मैं उनकी यह बात सुनकर पागल हो गया और उनको चोदने की तड़प और बढ़ गई है पर मेरा मन उन के जिस्म को और चाटने और चूसने का करने लगा, इसलिए मैंने बिना चुदाई किये अपनी जीभ चूत में डाल कर जोर जोर से ऊपर नीचे कर के उनकी चुदाई कर डाली, जिससे वह भी अपनी गांड उठा उठा कर अपना पानी निकाल रही थी और मैं उनकी चूत का गर्म पानी अपनी जीभ से पी लिया. मैडम मेरे चूतड़ों को पकड़ कर दबा रही थी तभी मुझे महसूस हुआ मेरा लंड किसी के हाथों में है, मैंने पीछे मुड़ कर देखा तो पता चला की मम्मी ने मेरा लंड पकड़ा हुआ है और अपने आप को कंट्रोल से बाहर पा कर मेरे लंड की मुट्ठ मार रही है.

मैंने भी अनजान बनकर शिल्पा मैडम को फिर से चूसने और चाटने लग गया और मम्मी के इरादों को समझने लग गया, तभी शिल्पा मैडम को भी पता चला कि मम्मी जी उठ गई है, तो मैडम ने मुझे अपने ऊपर से उठाकर मम्मी को चूसने की परमीशन दे दी जिस से मम्मी की तड़प भी शांत हो जाए.

मैंने मम्मी को लेटाया और खूब जम के उनके बूब्स मसले और उनका शरीर गरम किया.

मेम उठी और तीन गिलास व्हिस्की बना कर ले आई, मैंरे सिगरेट कहने पर उन्होंने सिगरेट और लाइटर एक साथ मेरे हाथों में दे दिया..

हमारा चुदाई का एक राउंड इसी बीच हो गया था और हमने फिर ड्रिंक के साथ सिगरेट लेते हुए खूब बातें की और एक दूसरे के बारे में बताया..

मुझे पता चला कि शिल्पा मैडम ने अपने हस्बैंड को छोड़कर मम्मी के साथ रहना शुरु कर दिया और एक दिन मम्मी ने मैडम को ब्लू फिल्म देखते हुए पकड़ लिया था और तब से वह एक दूसरे के दोस्त बन गए और एक साथ नंगे सोने लग गए.. अब हम बहुत अच्छे दोस्त बन गये थे, इसलिए जब भी प्लान बनाते तो मिल लिया करते और हम कभी एक दूसरे से नहीं रूठते थे.

दोस्तों में अब करीब १७-१८ साल बाद फिर से मिला हूं और अपनी कहानी आपसे शेयर की है इसलिए आपसे एक तहेदिल से विनती है कि अपने चूत के प्यार को कभी बदनाम मत कीजिएगा.

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