देहाती दूधवाले से चुदवाकर प्रेग्नेंट हुई

dudhwale se chudkar pregnant hui मेरा नाम मधु हे और आज मैं आप को एक ऐसी बात बताने के लिए आई हूँ जिसका राज आज से पहले सिर्फ तिन लोगों को पता था. और आज की मेरी ये संभोग कथा पढने के बाद आप को भी पता चल जाएगा इसके बारे में. (इसलिए जाहिर हे की मैंने अपना असली नाम नहीं दिया हे आप को). मेरी शादी को अब 7 साल से ऊपर वक्त हो गया हे. और अभी तक हमें कोई संतान नहीं हुई थी. मेरे पति को चोदने का बड़ा सौक था और वो ऑलमोस्ट रोज रात को मेरे साथ सेक्स करते थे. दो साल पहले मेरे सब टेस्ट हो चुके थे और सब नार्मल था.

लेकिन पति की जांच करवाई तो पता चला की उनके वीर्य में शुक्राणु यानी की बच्चा पैदा करने के जो पुरुष बिज होते हे वो आधे से भी कम थे. डोक्टर ने कहा की ऐसे में बच्चा होने की संभावना हे पर वो आधे से भी कम हे. सास और ननंद के ताने वांझ होने के. और बहार जाओ तो हर कोई जल्दी बच्चे पैदा करने का नुस्खा देता था. कोई कहता था फला बाबा का ताबीज पहनो तो कोई कहता था की वहां उस मंदिर में मन्नत मान लो. कोई कहता की दिन में चोदो, कोई कहता ग्रहण के दिन बहार ना निकलो.

सच कहूँ तो मैं उब चुकी थी और हताशा में ही थी. हमारे घर में एक दूधवाला रोज दूध देने के लिए आता हे. उसका नाम उदय हे और वो एक भैया हे. एक दिन सुबह सुबह पति किसी काम से बहार गए थे. मेरी सास ने मौका देख के ताने मारे. मैं रो रही थी तभी दूधवाला आ गया. मैं पतीली ले के दूध लेने गई तो उदय ने मेरे आंसू देख लिए.

“क्या हुआ भौजी, कोई विपदा आई जो आप आंसू बहाने लगी?” श्याम बोला.

मैं: नहीं आप दूध दे दो भैया जी.

“अरे हमें बताओ शायद हम आप की मदद कर सके.” वो बोला.

मेरी आँखों से फिर से पानी आ गया. और मैंने रोते हुए उसे अपनी दुखियारी बात बताई. पता नहीं कब मैंने रोते हुए उसके कंधे के ऊपर ही अपना सर भी रख दिया.

तब वो बोला: बीबी जी अगर आप चाहो तो मै आप की मदद कर सकता हु बच्चे के लिए!

मैं: अब तुम कौन सी जडीबुटी बताओगे मुझे. मैं थक गई हूँ निम हकीम कर कर के.

वो बोला: कोई जडीबुटी नहीं हे पर इलाज जो हे वो सब से दमदार हे मेरे पास!

मैं उसे देखने लगी और मैंने कहा, ऐसा क्या है?

वो बोला: शुक्राणु!

मैं चौंक पड़ी उसके मुहं से ये शब्द सुन के?

“मतलब?”

“मतलब ये की मेरे शुक्राणु बहुत ताकत वाले हे. हमारे गाँव में मैंने दो बाँझ औरतो के साथ संभोग कर के उन्हें माँ बनाया हे.”

“मैंने कहा क्या बकवास कर रहे हो! होश में तो हो ना!”

“होश में ही हे भौजी, आप की मर्जी हे हम कोई फ़ोर्स नहीं कर रहे हे आप को. जो हमारे मन में था वो बिना मेल के बोल दिए आप को. आप की मदद करने के लिए ही तो! आप सोचना और ठीक लगे मेरी बात तो बता देना. अगर आप 2 महीने की भीतर मिठाई ना खिलाओ तो हम अर्धा सर मुंडवा लेंगे. और दूसरी बात ये हमारी मदद की बात आप के और मेरे सिवा किसी को कभी पता नहीं चलेगी!”

उसने दूध पतीली में उड़ेल दिया और वो अपनी साइकिल के ऊपर चल पड़ा.

दोस्तों मैंने पूरी रात उदय की बात के ऊपर गौर किया, कभी इधर करवट ली तो कभी उधर. सारी रात मुझे नींद आई ही नहीं. उसने बताया था की उसके गाँव में वो वांझ औरतों को बच्चा दे चूका था. सास के ताने याद आये की अगर संतान ना हुई तो हम हरीश (मेरे पति) की दूसरी शादी कर देंगे हमें वारिस चाहिए! मैंने सोचा की वैशाली की सलाह लेती हूँ. वो मेरी बेस्ट फ्रेंड हे जो अभी युएसे में रहती हे. मैंने रात में ही उसे फेसबुक पर मेसेज किया. पति के खर्राटे आ रहे थे और मैं वैशाली से सब खुल के बात की. उसने मुझे पूछा की तुझे ये दूधवाला कैसा लगता हे. मैंने कहा वो ठीक ही लगता हे और अनपढ़ गवार सा हे. वो बोली, फिर ठीक हे ना. उसे कह के की तू सिर्फ दो बार सेक्स करेंगी और उस टाइम पर ही तुझे बच्चा चाहिए.

वैशाली ने कहा तू अपनी गायनेक से मिल ले और अपनी प्रेग्नन्सी के लिए बेस्ट सेक्स के डेज़ जान ले. और उन दिनों में ही तू उदय के साथ संभोग कर!

वैशाली ने मुझे कहा की देख किसी को ज्यादा बोलना मत ये सब कुछ. मैंने कहा ठीक हे, थेंक्स.

सुबह उदय के आने से पहले से ही मैं उसका वेट कर रही थी. वो आया और उसकी आवाज देने से पहले ही मैं पतीली ले के दरवाजे पर चली गई. मैंने उस से दूध लिया. उसने मुझे देखा. और बोला, रात भर सोयी नहीं क्या आप भौजी?

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