रंडी की चूत चोद कर अपने लंड की प्यास बुझाई

मेरा नाम राहुल सेन है. मैं अहमदाबाद में जॉब करता हूँ. ये कहानी उन दिनों की है, जब मेरा अहमदाबाद में नया नया जॉब लगा था. अहमदाबाद में अपने फ्रेंड्स के साथ एक साल तक रहा. फिर वे भी सब अपने अपने घर चले गए. उसके बाद मैं अकेला ही रहने लगा. मुझे चुत चोदने का मन तो बहुत कर रहा था, लेकिन कोई चुत नहीं मिल रही थी. मैंने चोदने के लिए बहुत सारी लड़की ढूँढी पर कोई नहीं मिली.

एक दिन अपने पुराने फ्रेंड को कॉल किया, जो अहमदाबाद में पिछले 4 साल से था और उसको अपनी चूत चोदने वाली इच्छा को बताया.
वो बोला- अभी तो किसी कॉल गर्ल या रंडी का कोई कॉंटॅक्ट नम्बर नहीं है. अगर मुझे कोई नम्बर मिलेगा तो तुझे ज़रूर दे दूंगा.
उसने ऐसा बोला.. तो लंड को बड़ा मायूस होना पड़ा.

फिर शायद एक दिन भगवान ने मेरी सुन ली. अचानक उसी फ्रेंड का कॉल आया. वो बोला- मेरे पास एक रंडी का नम्बर आया है, उसका नाम पायल है.. वो 32 साल की है. तुझे चोदना है, तो उसको मिलकर देख ले.. घरेलू माल है, बाजारू नहीं है.

मैंने हामी भर दी तो उसने मुझे पायल रंडी का नम्बर से दिया. मैं नम्बर पाकर बहुत खुश हुआ. रात में मैंने उसको बार बार कॉल किया लेकिन उसका मोबाइल ऑफ आ रहा था. मैंने अपने उसी दोस्त को बताया कि शायद धंधे में लगी होगी इसलिए बंद आ रहा होगा. बाद में लगा लेना.
मैंने ओके कह कर फोन बंद किया और अजनबी पायल की चुत को याद करके मुठ मारी और सो गया.

अगले दिन सुबह 9 बजे ही मैंने उसको कॉल किया. कोई लेडी ने फोन उठाया. उसने मुझसे पूछा कि आप कौन बोल रहे हो.. कॉल क्यों किया है.. किस से बात करनी है?

मैं बोला- मैं राहुल बोल रहा हूँ, मुझे आपका नम्बर मेरे फ्रेंड से मिला है. मैं आपसे मिलना चाहता हूँ, आपकी फीस क्या है?
ये सुनकर वो हंसने लगी और बोली- मेरा चार्ज 500 रूपए एक घंटे का है.
इसके बाद उससे चुदाई को लेकर खुल कर बात हुई और हम दोनों ने दोपहर 1 बजे दिन में मिलने का टाइम फिक्स किया.

उससे मिलने की चाह में इधर मेरा तो लंड खुशी से उछले ही जा रहा था. मैं उससे मिलने 12:30 को ही फिक्स जगह पर चला गया. मैंने उसको कॉल किया तो वो बोली- बस आ रही हूँ, आप मेरा वेट करो.. अभी फोन मत करना.

मेरा लंड उसकी सेक्सी आवाज़ सुन सुन ही गीला होने लगा था. वेट करते करते 2 बज गए.. पर वो आई ही नहीं. मैं मायूस हो चला. पर उसकी हिदायत थी कि फोन मत करना तो मैंने उसे फोन नहीं लगाया.
फिर उसका कॉल 2:30 बजे आया. वो आ गई थी. उसने कहा- आप किधर हो?
मैं बोला- मैं बस स्टैंड पर बैठा हूँ, आप इधर ही आ जाओ.

तभी एक 32 साल की भाभी आई. उसकी मस्त सेक्सी गांड और उसकी चुचियां तो बहुत ही बड़ी थीं. मेरे लंड ने तो उसकी फिगर देखते ही पानी छोड़ दिया था. वो एकदम नहा धोकर तैयार होकर आई थी. उसके बाद हम होटल गए और एक रूम बुक किया.

रूम के अन्दर जाते ही मैं उसको पकड़ कर चूमने लगा और किस करने लगा. वो भी साथ देने लगी. धीरे धीरे मैंने उसकी साड़ी उतार दी, फिर ब्लाउज पेटीकोट को भी उतार दिया. अब वो ब्रा पेंटी में थी. मैं उसकी चुचियां ऊपर से ही दबाए जा रहा था और वो मेरा लंड पेंट के ऊपर से ही सहला रही थी.

फिर उसने मेरे पूरे कपड़े उतार दिए. मैं सिर्फ़ अंडरवियर में आ गया. मैं अब उसकी ब्रा पेंटी को उतार कर उसकी बड़ी चुचियों पर टूट पड़ा. उसकी बड़ी बड़ी चुचियां चूसने लगा. चुचियां चूसते चूसते उसकी चुत भी सहलाने लगा. उसकी चुत तो पहले से ही गीली थी.

चुचियां चूसते हुए मैं धीरे धीरे नीचे आने लगा. फाइनली उसकी चुत पर जब मेरी ज़ुबान लगी तो उसकी चीख निकल गई- अहह..
अब मैं उस घरेलू रंडी की चुत चाटने लगा. चुत की फांकों को कभी कभी दांत से पकड़ कर खींच भी लेता था.
उसकी चीख निकल जाती थी- आह.. राजा धीरे करो..

अब उससे और बर्दाश्त नहीं हो रहा था, वो उठी और उसने मेरा अंडरवियर निकाल कर फेंक दिया. मेरा लंड पकड़ कर सीधा अपने हाथ में लिया और कंडोम चढ़ाने लगी. लंड पर कंडोम लगाने के बाद चित लेट गई. मैंने अपना लंड उसकी चुत पर रख कर धक्का दे मारा. लंड आसानी से अन्दर चला गया. रंडी की चूत तो भोसड़ा होती है ना.. न जाने कितने मोटे लंड खा चुकी होगी.

अब मैंने धीरे धीरे धक्का मारना शुरू किया, तो वो भी मेरे पीठ को सहलाने लगी और कमर को दबाने लगी. मैंने नॉर्मल मिशनरी पोज़ में उसकी चूत को 5 मिनट चोदा और उसकी चुत में ही झड़ गया.

Pages: 1 2

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *